गेल गैस की सार्थक पहल: जहाँ सीएसआरएल के साथ मिलकर संवर रहे हैं भविष्य के डॉक्टर और इंजीनियर

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रांची | 22 जुलाई, 2026

कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व केवल संसाधन उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि ऐसे अवसर सृजित करने का माध्यम है जो किसी का पूरा जीवन बदल दें। इसी सोच को साकार कर रही है गेल गैस लिमिटेड, जिसने सीएसआरएल के सहयोग से देश के आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए निःशुल्क आवासीय सुपर-30 केंद्रों की श्रृंखला स्थापित की है।

इसी क्रम में गेल इंडिया लिमिटेड के निदेशक (एचआर) श्री आयुष गुप्ता ने रांची स्थित गेल गैस सुपर-30 केंद्र का दौरा किया। उनके साथ गेल गैस लिमिटेड के कार्यकारी निदेशक श्री संजय वर्मा एवं डीजीएम (एचआर) श्री बिश्व भूषण बेहरा भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर सीएसआरएल की डायरेक्टर – बिजनेस डेवलपमेंट एंड मार्केटिंग, सुश्री मीनाक्षी शाही ने भी अतिथियों का स्वागत किया और संस्था द्वारा संचालित कार्यक्रमों की जानकारी साझा की।

रांची का यह पूर्णतः निःशुल्क आवासीय केंद्र 30 नीट अभ्यर्थियों—11 छात्र एवं 19 छात्राओं—का घर है। ये वे विद्यार्थी हैं जिनके परिवार आज भी अपनी मूलभूत आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए संघर्ष करते हैं, लेकिन अपने बच्चों को डॉक्टर बनाकर समाज और राष्ट्र की सेवा करते देखने का सपना संजोए हुए हैं।

दौरे के दौरान श्री आयुष गुप्ता ने विद्यार्थियों से खुलकर संवाद किया। उन्होंने उनके संघर्ष, पारिवारिक परिस्थितियों, सपनों और भविष्य की योजनाओं को सुना। विद्यार्थियों ने डॉक्टर बनकर देश के दूरदराज़ और वंचित क्षेत्रों में सेवा देने की अपनी आकांक्षाएँ साझा कीं। यह संवाद केवल एक औपचारिक निरीक्षण नहीं, बल्कि सपनों और संभावनाओं से जुड़ने का एक संवेदनशील अनुभव था।

इस अवसर पर सुश्री मीनाक्षी शाही ने बताया कि सीएसआरएल, वर्ष 2009 से देशभर में आर्थिक रूप से कमजोर मेधावी विद्यार्थियों को आईआईटी-जेईई एवं नीट की निःशुल्क आवासीय तैयारी उपलब्ध करा रहा है। वर्तमान में संस्था देशभर में 33 आवासीय केंद्रों का संचालन कर रही है, जिनमें चार केंद्र गेल समूह के सहयोग से संचालित हैं—

कानपुर – 100 छात्र, आईआईटी-जेईई की तैयारी हेतु
वाराणसी – 80 छात्राएँ, जो डॉक्टर एवं इंजीनियर बनने की तैयारी कर रही हैं
हल्द्वानी – 50 जेईई अभ्यर्थी
रांची – 30 नीट अभ्यर्थी (11 छात्र एवं 19 छात्राएँ)

इन सभी केंद्रों पर विद्यार्थियों को 11 माह तक निःशुल्क आवास, पौष्टिक भोजन, अध्ययन सामग्री, विशेषज्ञ मार्गदर्शन एवं गुणवत्तापूर्ण कोचिंग उपलब्ध कराई जाती है, ताकि आर्थिक अभाव उनके सपनों के मार्ग में कभी बाधा न बन सके।

श्री आयुष गुप्ता ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि जब उद्योग जगत शिक्षा के माध्यम से प्रतिभाओं को अवसर देता है, तब उसका प्रभाव केवल एक विद्यार्थी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पूरे परिवार, समाज और आने वाली पीढ़ियों तक पहुँचता है। उन्होंने कहा कि गेल गैस की यह पहल इस विश्वास का प्रतीक है कि सही अवसर मिलने पर हर प्रतिभा देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है।

गेल गैस और सीएसआरएल की यह साझेदारी इस बात का प्रमाण है कि सार्थक सीएसआर केवल आर्थिक सहयोग नहीं, बल्कि जीवन बदलने का संकल्प है। जब एक संस्था संसाधन उपलब्ध कराती है और दूसरी उन्हें समाज के अंतिम छोर तक प्रभावी ढंग से पहुँचाती है, तब केवल विद्यार्थियों का भविष्य नहीं बदलता—एक बेहतर और अधिक संवेदनशील भारत की नींव भी मजबूत होती है।

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