देवघर पुलिस ने अपराध नियंत्रण अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस की वर्दी पहनकर लूटपाट करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस अधीक्षक को मिली गुप्त सूचना के आधार पर गठित विशेष टीम ने 24 जुलाई 2026 को जसीडीह थाना क्षेत्र के कोकहराजोरी से रौशन मोड़ के बीच स्थित एक अर्धनिर्मित मकान में छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान गिरोह के 10 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया तथा अवैध हथियार, पुलिस जैसी केमोफ्लाज वर्दी, टोपी और पुलिस स्टिक बरामद किए गए।
पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह के सदस्य खुद को साइबर पुलिस बताकर साइबर अपराधियों के घरों में छापेमारी के नाम पर लूटपाट करते थे। पुलिस के अनुसार, साइबर अपराध में शामिल कई लोग शिकायत दर्ज नहीं कराते थे, जिसका फायदा उठाकर यह गिरोह वारदात को अंजाम देता था।
गिरोह के मुख्य सरगना
- मो. मुबारक अंसारी उर्फ गुड्डू (उप-मुखिया, हुसैनाबाद)
- मो. फारुख अंसारी
- सुलेमान साह
- पाण्डेय यादव
- अल्ताफ अंसारी उर्फ गुड्डू
गिरफ्तार आरोपी
कुल 10 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें मो. फारुख अंसारी, मो. मुबारक अंसारी उर्फ गुड्डू, इजरायल अंसारी, ताहिर अंसारी, बब्लू अंसारी, सहबाज आलम, पाण्डेय यादव, सुलेमान साह, अकरम साह और अल्ताफ अंसारी उर्फ गुड्डू शामिल हैं।
बरामद सामान
- एक देशी कट्टा (पिस्टल)
- 4 जिंदा कारतूस
- एक पिस्टल मैगजीन
- 5 केमोफ्लाज टी-शर्ट
- 5 केमोफ्लाज पैंट
- 5 केमोफ्लाज टोपी
- 4 पुलिस जैसी प्लास्टिक स्टिक
- 2 मोटरसाइकिल (होंडा शाइन एवं हीरो स्प्लेंडर प्रो)
पुलिस के अनुसार, गिरोह ने जसीडीह, मोहनपुर, सोनारायठाढ़ी, मधुपुर और पथरौल थाना क्षेत्रों में कई लूट की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की है।
इस संबंध में जसीडीह थाना कांड संख्या 248/2026 दिनांक 25 जुलाई 2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 310(4), 310(5), 205, 111(1), 111(3), 111(4) तथा आर्म्स एक्ट 1959 की धाराओं 25(1-B)(a), 26 एवं 35 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में से मो. फारुख अंसारी फिरौती के लिए अपहरण जैसे गंभीर मामलों में पहले से सजायाफ्ता है, जबकि अन्य कई आरोपियों पर भी लूट, डकैती, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट सहित विभिन्न मामलों में पूर्व से केस दर्ज हैं।






